
छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग से एक बेहद गंभीर और चिंताजनक घटना सामने आई है, जहां अंधविश्वास के चलते एक युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई।
📍 कहां का है मामला?
यह मामला जगदलपुर के दरभा थाना क्षेत्र के पखनार गांव का है। यहां रहने वाले युवक मंगलू मंडावी की हत्या कर दी गई।
🧩 क्या था विवाद का कारण?
गांव के ही दो सगे भाई आयतू मड़कामी और सुखराम मड़कामी को शक था कि मंगलू मंडावी जादू-टोना करता है।
👉 इसी अंधविश्वास के चलते दोनों ने उसकी हत्या की साजिश रची।
🔪 कैसे हुई वारदात?
- घटना 30 अप्रैल (गुरुवार) की बताई जा रही है
- मंगलू अपने घर के पास आम के पेड़ के नीचे बैठा था
- तभी दोनों आरोपी शराब के नशे में वहां पहुंचे
- पहले विवाद हुआ, फिर मामला अचानक हिंसक हो गया
- दोनों भाइयों ने चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया
👉 गंभीर चोटों के कारण मंगलू मंडावी की मौके पर ही मौत हो गई
🏃 वारदात के बाद क्या हुआ?
हत्या करने के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए।
ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची।
🚔 पुलिस की कार्रवाई
- पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा
- आरोपियों की तलाश शुरू की गई
- घेराबंदी कर दोनों भाइयों को गिरफ्तार कर लिया गया
गिरफ्तारी के बाद आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
⚖️ कौन सी धारा में केस दर्ज?
इस मामले में अब नए कानून भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
👉 इस धारा के तहत सजा:
- मृत्युदंड (फांसी) या
- आजीवन कारावास
⚠️ अंधविश्वास बना हत्या की वजह
यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि ग्रामीण क्षेत्रों में जादू-टोना जैसी मान्यताएं आज भी जानलेवा साबित हो रही हैं।
ऐसे मामलों में जागरूकता और कानून का सख्त पालन बेहद जरूरी है।
📌 निष्कर्ष
यह सिर्फ एक हत्या का मामला नहीं, बल्कि समाज में फैले अंधविश्वास की खतरनाक तस्वीर भी है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आरोपी जरूर पकड़ लिए गए, लेकिन ऐसी घटनाएं रोकने के लिए सामाजिक जागरूकता सबसे अहम है।


