कर्नाटक दौरे पर पीएम मोदी: सिद्धारमैया ने किया स्वागत, गुरु भैरवैय्या मंदिर का उद्घाटन…

कर्नाटक में प्रधानमंत्री Narendra Modi का दौरा राजनीतिक, धार्मिक और विकास—तीनों ही नजरियों से काफी अहम माना जा रहा है। आइए इसे विस्तार से समझते हैं:
🔷 आगमन और स्वागत
प्रधानमंत्री मोदी जब Kempegowda International Airport, बेंगलुरु पहुंचे तो उनका स्वागत कर्नाटक के मुख्यमंत्री Siddaramaiah ने किया।
दोनों नेताओं के बीच बातचीत भी हुई, जिसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुईं—खासतौर पर वह तस्वीर जिसमें पीएम मोदी सीएम के कान में कुछ कहते नजर आए।
👉 इसी दौरान सिद्धारमैया ने प्रधानमंत्री को एक पत्र सौंपा, जिसमें राज्य की 18 लंबित परियोजनाओं पर ध्यान देने की मांग की गई। इनमें शामिल हैं:

- रेलवे प्रोजेक्ट
- राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) सुधार
- जल जीवन मिशन
- ग्राम पंचायतों को फंड
🛕 गुरु भैरवैय्या मंदिर का उद्घाटन
इसके बाद पीएम मोदी मांड्या जिले के Adichunchanagiri Math पहुंचे, जहां उन्होंने श्री गुरु भैरवैय्या मंदिर का उद्घाटन किया।
मंदिर की खासियत:
- द्रविड़ वास्तुकला शैली में निर्मित
- वोक्कालिगा समुदाय के पूजनीय संत को समर्पित
- भविष्य की पीढ़ियों के लिए सांस्कृतिक और आध्यात्मिक प्रेरणा का केंद्र
👉 उद्घाटन कार्यक्रम में पूर्व प्रधानमंत्री H. D. Deve Gowda भी मौजूद रहे।
📖 पुस्तक विमोचन
इस अवसर पर पीएम मोदी और देवगौड़ा ने मिलकर
“सौंदर्य लहरी” और “शिव महिम्न स्तोत्रम” नामक पुस्तक का विमोचन किया, जो भारतीय आध्यात्मिक परंपरा से जुड़ी महत्वपूर्ण रचनाएं हैं।
🔱 ज्योति पीठ के दर्शन
मंदिर उद्घाटन से पहले पीएम ने ज्वाला/ज्योति पीठ के दर्शन किए, जिसे भगवान शिव की तपस्या से जुड़ा पौराणिक स्थल माना जाता है। यह स्थान धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है।
🇮🇳 जनता से 9 संकल्प लेने की अपील
जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने लोगों से “नौ संकल्प” अपनाने की अपील की, जो विकसित भारत के लक्ष्य से जुड़े हैं:
प्रमुख 9 संकल्प:
- 💧 जल संरक्षण और बेहतर जल प्रबंधन
- 🌱 “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत वृक्षारोपण
- 🧹 सार्वजनिक और धार्मिक स्थलों की स्वच्छता
- 🛍️ “वोकल फॉर लोकल” – स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा
- 🧳 घरेलू पर्यटन को प्रोत्साहन
- 🌾 रसायन-मुक्त प्राकृतिक खेती अपनाना
- 🥗 मिलेट्स (मोटा अनाज) को बढ़ावा
- 🧘♂️ योग और फिटनेस अपनाना
- 🛢️ खाने में तेल का कम उपयोग
👉 पीएम ने कहा कि यदि लोग इन संकल्पों को ईमानदारी से अपनाते हैं, तो “विकसित कर्नाटक और विकसित भारत” का लक्ष्य तेजी से हासिल किया जा सकता है।
🧭 राजनीतिक और सामाजिक महत्व
- यह दौरा धार्मिक जुड़ाव + विकास एजेंडा + राजनीतिक संदेश—तीनों का मिश्रण है
- वोक्कालिगा समुदाय के बीच यह कार्यक्रम खास महत्व रखता है, जो कर्नाटक की राजनीति में प्रभावशाली है
- केंद्र और राज्य के बीच सहयोग और मांगों का संतुलन भी इस दौरे में देखने को मिला



