
छत्तीसगढ़ में सड़क निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और समयसीमा को लेकर मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने सख्त रुख अपनाया है। मंत्रालय महानदी भवन में लोक निर्माण विभाग (PWD) की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि सड़क निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही, घटिया सामग्री या गुणवत्ता से समझौता बिल्कुल भी स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में बनने वाली सभी सड़कें निर्धारित मानकों के अनुसार और तय समयसीमा में पूरी होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी की जाए और जहां भी गड़बड़ी मिले वहां तत्काल कार्रवाई की जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि यदि किसी सड़क निर्माण कार्य में गुणवत्ता की कमी पाई जाती है तो संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जनता को बेहतर और सुरक्षित सड़कें उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से कहा कि निर्माण कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखें और हर परियोजना की प्रगति की समय-समय पर समीक्षा करें। साथ ही ठेकेदारों को भी चेतावनी दी कि यदि वे निर्धारित मानकों के अनुरूप काम नहीं करेंगे तो उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाएगा और भविष्य में किसी भी सरकारी परियोजना में काम करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बैठक में उपमुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री Arun Sao भी उपस्थित रहे। उन्होंने विभागीय योजनाओं की प्रगति और चल रहे सड़क निर्माण कार्यों की जानकारी मुख्यमंत्री को दी। बैठक में अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए कि जिन सड़कों का निर्माण कार्य धीमी गति से चल रहा है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा किया जाए ताकि आम जनता को बेहतर आवागमन की सुविधा मिल सके।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश के ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में सड़क संपर्क मजबूत करना सरकार का प्रमुख लक्ष्य है, इसलिए सभी परियोजनाओं को गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ पूरा किया जाए। इसके लिए विभागीय टीमों को नियमित निरीक्षण करने और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए।



