WhatsApp Update: Passkey से लेकर Two-Step Verification तक बड़े बदलाव, Unknown Calls की भी मिलेगी जानकारी

Technology Desk: WhatsApp ने यूजर्स की प्राइवेसी और अकाउंट सिक्योरिटी को मजबूत करने के लिए कई अहम फीचर्स पेश किए हैं। नए अपडेट में खास तौर पर Passkey, Two-Step Verification और Unknown Calls से जुड़े बदलाव किए गए हैं। इन फीचर्स का मकसद यूजर्स को अकाउंट लॉगिन और अनजान कॉल्स के मामले में ज्यादा सुरक्षा और कंट्रोल देना है।
WhatsApp का इस्तेमाल दुनियाभर में करोड़ों लोग निजी बातचीत, फोटो-वीडियो शेयरिंग, ऑनलाइन पेमेंट और बिजनेस कम्युनिकेशन के लिए करते हैं। ऐसे में अकाउंट की सुरक्षा बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है। नए अपडेट में WhatsApp ने लॉगिन को आसान बनाने के साथ-साथ अकाउंट को अनधिकृत एक्सेस से बचाने के लिए अतिरिक्त विकल्प दिए हैं।

एक WhatsApp अकाउंट में एक से ज्यादा Passkey जोड़ सकेंगे
WhatsApp ने Passkey फीचर को पहले के मुकाबले ज्यादा सुविधाजनक बना दिया है। अब यूजर्स अपने WhatsApp अकाउंट के लिए एक से ज्यादा Passkey जोड़ सकते हैं।
यह सुविधा खास तौर पर उन यूजर्स के लिए उपयोगी हो सकती है जो एक से ज्यादा स्मार्टफोन इस्तेमाल करते हैं या Android और iPhone दोनों डिवाइस पर WhatsApp का इस्तेमाल करते हैं।
Passkey का सबसे बड़ा फायदा यह है कि WhatsApp में दोबारा साइन-इन करते समय हर बार SMS के जरिए आने वाले वेरिफिकेशन कोड पर निर्भर रहने की जरूरत कम हो जाती है। यूजर अपने डिवाइस में मौजूद Fingerprint, Face ID या Screen Lock जैसे सिक्योरिटी सिस्टम का इस्तेमाल करके अपनी पहचान सत्यापित कर सकता है।
WhatsApp के मुताबिक, दुनियाभर में 1 अरब से ज्यादा यूजर्स WhatsApp के लिए Passkey बना चुके हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि यूजर्स के बीच पासवर्ड और SMS आधारित लॉगिन के विकल्प के तौर पर Passkey तेजी से लोकप्रिय हो रहा है।
Passkey क्या है और यह कैसे काम करता है?
Passkey एक तरह का डिजिटल क्रेडेंशियल है, जिसकी मदद से यूजर बिना पारंपरिक पासवर्ड या हर बार SMS कोड दर्ज किए अकाउंट में लॉगिन कर सकता है।
इसमें यूजर की पहचान डिवाइस के सिक्योरिटी सिस्टम के जरिए सत्यापित होती है। उदाहरण के लिए, यदि फोन में Fingerprint लॉक है तो Passkey इस्तेमाल करते समय फिंगरप्रिंट से पहचान सत्यापित की जा सकती है।
इसका फायदा यह है कि वेरिफिकेशन से जुड़ी संवेदनशील जानकारी को याद रखने की जरूरत कम होती है और SMS आधारित OTP पर निर्भरता भी घट सकती है।
WhatsApp में Passkey कैसे सेट करें?
अगर आपके WhatsApp अकाउंट पर Passkey का विकल्प उपलब्ध है, तो इसे सेट करने के लिए इन स्टेप्स को फॉलो किया जा सकता है:
WhatsApp खोलें → Settings → Account → Passkeys
इसके बाद Passkey बनाने के लिए स्क्रीन पर दिखाई देने वाले निर्देशों को फॉलो करें। फोन में उपलब्ध Fingerprint, Face ID या Screen Lock जैसे विकल्प के जरिए इसे सेट किया जा सकता है।
अगर आपके WhatsApp में यह विकल्प अभी दिखाई नहीं दे रहा है, तो संभव है कि फीचर आपके डिवाइस या WhatsApp के मौजूदा वर्जन पर अभी उपलब्ध न हुआ हो।
Two-Step Verification में बड़ा बदलाव
WhatsApp ने Two-Step Verification को भी पहले से ज्यादा मजबूत बनाने की दिशा में बदलाव किया है।
अब तक यूजर्स को Two-Step Verification के लिए आमतौर पर 6 अंकों का PIN सेट करना पड़ता था। यह PIN अकाउंट को अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान करता था और कुछ परिस्थितियों में WhatsApp दोबारा वेरिफिकेशन के दौरान इसे दर्ज करने के लिए कहता था।
नए बदलाव के तहत कुछ यूजर्स को PIN के बजाय पूरा Password सेट करने का विकल्प भी दिया जा रहा है।
PIN की जगह Password से क्या फायदा होगा?
Password में यूजर शब्द, नंबर और Special Characters का इस्तेमाल कर सकता है। इससे सुरक्षा के लिए ज्यादा जटिल और व्यक्तिगत क्रेडेंशियल तैयार करना संभव होगा।
छह अंकों के PIN की तुलना में लंबा और मजबूत Password अनुमान लगाना मुश्किल हो सकता है। हालांकि, यूजर्स को ऐसा Password रखना चाहिए जिसे आसानी से याद रखा जा सके लेकिन दूसरे लोग उसका अनुमान न लगा सकें।
यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि Two-Step Verification का Password किसी के साथ शेयर नहीं करना चाहिए। WhatsApp या कोई अन्य वैध सेवा आम तौर पर यूजर से चैट के जरिए उसका सिक्योरिटी Password बताने के लिए नहीं कहती।
Unknown Calls के बारे में मिलेगी ज्यादा जानकारी
WhatsApp ने Android यूजर्स के लिए Unknown Calls से जुड़ी जानकारी को भी ज्यादा उपयोगी बनाने की दिशा में बदलाव किया है।
अगर किसी ऐसे नंबर से WhatsApp कॉल आती है, जो यूजर के फोन में सेव नहीं है, तो अब कॉल करने वाले नंबर के बारे में कुछ अतिरिक्त जानकारी दिखाई जा सकती है।
इससे यूजर को कॉल रिसीव करने से पहले यह समझने में मदद मिल सकती है कि सामने वाला नंबर कौन सा है और उससे किसी तरह का परिचित कनेक्शन मौजूद है या नहीं।
पता चल सकता है कि कॉल करने वाला दूसरे देश का नंबर है या नहीं
नए बदलाव के तहत यूजर को यह जानकारी मिल सकती है कि अनजान नंबर किसी दूसरे देश का है या नहीं।
यह फीचर खास तौर पर उन मामलों में उपयोगी हो सकता है जहां यूजर को अचानक किसी विदेशी नंबर से कॉल आती है। अनजान इंटरनेशनल नंबर से आने वाली कॉल कई बार स्पैम या फ्रॉड का हिस्सा हो सकती हैं, इसलिए ऐसी जानकारी यूजर को सावधानी बरतने में मदद कर सकती है।
हालांकि केवल विदेशी नंबर दिखने का मतलब यह नहीं है कि कॉल निश्चित रूप से फ्रॉड है। यूजर को कॉल की पहचान और संदर्भ देखकर ही फैसला लेना चाहिए।
Common WhatsApp Group की भी मिल सकती है जानकारी
Unknown Call से जुड़ा एक और उपयोगी बदलाव यह है कि WhatsApp यूजर को यह जानकारी दे सकता है कि कॉल करने वाला व्यक्ति और यूजर किसी Common WhatsApp Group में शामिल हैं या नहीं।
मान लीजिए किसी अनजान नंबर से आपको WhatsApp कॉल आती है। अगर वह व्यक्ति आपके किसी WhatsApp ग्रुप का सदस्य है, तो यह जानकारी कॉल की पहचान करने में मदद कर सकती है।
इससे यूजर को कॉल उठाने से पहले यह अंदाजा लगाने में आसानी होगी कि सामने वाला व्यक्ति उसके परिचित नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है या नहीं।
अनजान कॉल्स से बचने के लिए क्या करें?
Unknown Calls से जुड़ी जानकारी बढ़ाने के बावजूद यूजर्स को खुद भी सावधानी बरतनी चाहिए। अनजान नंबर से कॉल आने पर तुरंत व्यक्तिगत जानकारी, OTP, बैंक डिटेल, पासवर्ड या अन्य संवेदनशील जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए।
अगर कॉल संदिग्ध लगे तो उसे रिसीव करने के बजाय नंबर को Block या Report किया जा सकता है। खास तौर पर अगर सामने वाला व्यक्ति पैसे भेजने, लिंक खोलने या किसी ऐप को इंस्टॉल करने के लिए दबाव बना रहा हो, तो सावधान रहना जरूरी है।
WhatsApp का नया अपडेट क्यों है महत्वपूर्ण?
WhatsApp के नए सिक्योरिटी फीचर्स का उद्देश्य सिर्फ अकाउंट को सुरक्षित करना नहीं, बल्कि यूजर्स को संदिग्ध गतिविधियों को पहचानने के लिए ज्यादा जानकारी देना भी है।
Multiple Passkeys से अलग-अलग डिवाइस इस्तेमाल करने वाले यूजर्स को सुविधा मिल सकती है। Password-based Two-Step Verification अतिरिक्त सुरक्षा विकल्प देता है, जबकि Unknown Calls की अतिरिक्त जानकारी यूजर्स को अनजान कॉल्स के बारे में बेहतर निर्णय लेने में मदद कर सकती है।
कुल मिलाकर, WhatsApp का यह अपडेट अकाउंट सिक्योरिटी और यूजर कंट्रोल को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। हालांकि किसी भी सिक्योरिटी फीचर के बावजूद यूजर्स को OTP, Password, Passkey और अन्य संवेदनशील जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करनी चाहिए और संदिग्ध कॉल या मैसेज से हमेशा सावधान रहना चाहिए।



