
रायपुर। छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका से कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग के मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने लोकभवन में सौजन्य भेंट की। दोनों के बीच हुई यह मुलाकात शिष्टाचार भेंट के रूप में रही।
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने लोकभवन पहुंचकर राज्यपाल रमेन डेका से मुलाकात की। इस दौरान विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई। हालांकि, राजभवन की ओर से जारी संक्षिप्त जानकारी में मुलाकात के दौरान चर्चा किए गए विषयों या किसी विशेष निर्णय की विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है।

कौशल विकास और रोजगार सरकार की प्राथमिकता
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के पास कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी है। ऐसे में युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करने, उन्हें तकनीकी और व्यावसायिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने तथा प्रदेश में रोजगार के नए अवसर विकसित करने की दिशा में विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका है।
आज के समय में उद्योगों और निजी क्षेत्र में रोजगार के लिए युवाओं के पास केवल शैक्षणिक डिग्री होना पर्याप्त नहीं है। तकनीकी दक्षता, व्यावसायिक प्रशिक्षण और उद्योगों की जरूरत के अनुसार कौशल विकसित करना भी जरूरी है। कौशल विकास से जुड़े कार्यक्रमों का उद्देश्य युवाओं को इन आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना है।
तकनीकी शिक्षा पर भी बढ़ रहा फोकस
तकनीकी शिक्षा युवाओं को रोजगार के लिए आवश्यक व्यावहारिक ज्ञान और विशेषज्ञता उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इंजीनियरिंग, आईटीआई, पॉलिटेक्निक और अन्य तकनीकी एवं व्यावसायिक संस्थानों के माध्यम से युवाओं को विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षित किया जाता है।
छत्तीसगढ़ में उद्योगों और निवेश के विस्तार के साथ तकनीकी रूप से दक्ष मानव संसाधन की मांग भी बढ़ रही है। ऐसे में तकनीकी शिक्षा और कौशल विकास को रोजगार से जोड़ना राज्य सरकार की महत्वपूर्ण प्राथमिकताओं में शामिल है।
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के विभागों के माध्यम से युवाओं को प्रशिक्षण और रोजगार से जोड़ने के प्रयासों को आगे बढ़ाया जा रहा है।
अनुसूचित जाति विकास विभाग की भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी
मंत्री के पास अनुसूचित जाति विकास विभाग की जिम्मेदारी भी है। इस विभाग के माध्यम से अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों, युवाओं और परिवारों के सामाजिक एवं आर्थिक विकास के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जाती हैं।
शिक्षा, छात्रवृत्ति, प्रशिक्षण, रोजगार और सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं के माध्यम से वंचित वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ने पर जोर दिया जाता है।
इस विभाग की योजनाओं का उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को शिक्षा और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना तथा उनके सामाजिक-आर्थिक विकास को गति देना है।
राज्यपाल से सौजन्य भेंट का महत्व
राज्यपाल और राज्य सरकार के मंत्रियों के बीच समय-समय पर होने वाली सौजन्य भेंट शासन-व्यवस्था और संवैधानिक संस्थाओं के बीच संवाद का हिस्सा होती है। ऐसी मुलाकातों में प्रदेश के विकास और जनहित से जुड़े विभिन्न विषयों पर अनौपचारिक चर्चा भी हो सकती है।
लोकभवन में हुई इस मुलाकात में मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने राज्यपाल रमेन डेका से भेंट की। यह मुलाकात मुख्य रूप से सौजन्य भेंट के रूप में बताई गई है।
युवाओं और वंचित वर्गों के विकास पर जोर
कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार और अनुसूचित जाति विकास जैसे विभाग सीधे तौर पर प्रदेश के युवाओं और सामाजिक रूप से महत्वपूर्ण वर्गों से जुड़े हैं।
एक ओर कौशल विकास और तकनीकी शिक्षा के माध्यम से युवाओं को रोजगार योग्य बनाने की आवश्यकता है, वहीं दूसरी ओर अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों और युवाओं को शिक्षा, प्रशिक्षण और रोजगार के समान अवसर उपलब्ध कराना भी महत्वपूर्ण है।
राज्य में निवेश और उद्योगों के विस्तार के साथ यदि युवाओं को उनकी जरूरत के अनुरूप प्रशिक्षण दिया जाता है तो स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
मुलाकात से जुड़ी मुख्य जानकारी
- स्थान: लोकभवन, रायपुर
- राज्यपाल: रमेन डेका
- मंत्री: गुरु खुशवंत साहेब
- मंत्री के विभाग: कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास
- मुलाकात का स्वरूप: सौजन्य भेंट
- मुख्य उद्देश्य: शिष्टाचार मुलाकात और विभिन्न विषयों पर संवाद
फिलहाल उपलब्ध आधिकारिक जानकारी में मुलाकात के दौरान किसी नई योजना, बजट या नीतिगत निर्णय की घोषणा का उल्लेख नहीं है।



