छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू के 31 एक्टिव मरीज, रायपुर में सबसे ज्यादा केस; 19 जिलों तक पहुंचा संक्रमण

रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस साल जनवरी से अब तक प्रदेश में 130 मरीजों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी है। इनमें से 99 मरीज इलाज के बाद पूरी तरह स्वस्थ हो चुके हैं, जबकि वर्तमान में 31 मरीज एक्टिव हैं और उनका उपचार एवं निगरानी की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार राहत की बात यह है कि प्रदेश में अब तक स्वाइन फ्लू से किसी मरीज की मौत नहीं हुई है। हालांकि अलग-अलग जिलों में नए मरीज मिलने के कारण स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और उपचार व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है।
रायपुर में सबसे ज्यादा मामले
राजधानी रायपुर स्वाइन फ्लू संक्रमण से सबसे अधिक प्रभावित जिलों में शामिल है। जिले में तीन नए मरीज सामने आने के बाद अब तक संक्रमित मरीजों की कुल संख्या 60 हो गई है। इनमें करीब 11 मरीज वर्तमान में एक्टिव बताए जा रहे हैं।
रायपुर में लगातार नए मामलों के सामने आने के कारण स्वास्थ्य विभाग की ओर से मरीजों की निगरानी, जांच और उपचार व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीमें संदिग्ध मामलों की पहचान और संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए लोगों की स्थिति पर भी नजर रख रही हैं।

19 जिलों में पहुंचा स्वाइन फ्लू संक्रमण
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में स्वाइन फ्लू का संक्रमण अब तक 19 जिलों में सामने आ चुका है। वहीं 8 जिलों में फिलहाल एक्टिव मरीज मौजूद हैं। रायपुर के अलावा दुर्ग, रायगढ़, बिलासपुर, धमतरी, कोरबा, बेमेतरा और महासमुंद समेत अन्य जिलों में भी स्वाइन फ्लू के सक्रिय मरीज पाए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग के लिए चिंता की बात यह है कि संक्रमण अब उन जिलों तक भी पहुंच रहा है, जहां पहले स्वाइन फ्लू के मामले सामने नहीं आए थे। इसके चलते जिला स्तर पर स्वास्थ्य अमले को सतर्क रहने और संदिग्ध मरीजों की समय पर जांच कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं।
99 मरीज हो चुके हैं स्वस्थ
प्रदेश में इस साल अब तक सामने आए 130 संक्रमित मरीजों में से 99 मरीज उपचार के बाद स्वस्थ हो चुके हैं। वहीं 31 मरीजों का उपचार जारी है। स्वास्थ्य विभाग लगातार एक्टिव मरीजों की स्थिति की निगरानी कर रहा है, ताकि गंभीर लक्षण वाले मरीजों को समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
स्वाइन फ्लू के ज्यादातर मामलों में समय पर पहचान और उपचार महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग की ओर से लक्षण दिखाई देने पर लोगों को लापरवाही न बरतने और चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की जा रही है।
बदलते मौसम में बढ़ सकती है परेशानी
मौसम में बदलाव और वायरल संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच स्वास्थ्य विभाग स्वाइन फ्लू को लेकर विशेष निगरानी कर रहा है। H1N1 संक्रमण में सामान्य फ्लू जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। इनमें बुखार, खांसी, गले में खराश, सिरदर्द, शरीर में दर्द और थकान जैसे लक्षण शामिल हो सकते हैं।
कुछ मरीजों में संक्रमण गंभीर रूप भी ले सकता है, खासकर यदि मरीज पहले से किसी अन्य बीमारी से जूझ रहा हो या उसकी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो। इसलिए लगातार बुखार या सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण होने पर डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है।
स्वास्थ्य विभाग ने बढ़ाई निगरानी
नए मामलों के सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने जिलों में निगरानी और उपचार व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है। संदिग्ध मरीजों की पहचान, आवश्यक जांच और संक्रमित मरीजों के उपचार पर स्वास्थ्य अमला नजर रख रहा है।
फिलहाल प्रदेश में स्वाइन फ्लू से किसी मौत की सूचना नहीं है। हालांकि 130 कुल संक्रमित, 31 एक्टिव मरीज और 19 प्रभावित जिलों के आंकड़े यह बताते हैं कि संक्रमण को लेकर स्वास्थ्य विभाग को लगातार निगरानी बनाए रखने की जरूरत है। रायपुर में सबसे ज्यादा मामले होने के कारण राजधानी पर विशेष फोकस किया जा रहा है।



