छत्तीसगढ़राजनीति

UCC पर मंत्री केदार कश्यप का कांग्रेस पर हमला, बोले- आदिवासी समाज को भड़काने की कोशिश सफल नहीं होगी

रायपुर। छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर सियासत तेज हो गई है। प्रदेश कांग्रेस द्वारा यूसीसी के मुद्दे पर आदिवासी समाज के बीच पहुंचकर आंदोलन की तैयारी किए जाने के बीच वन एवं आदिवासी मामलों से जुड़े मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस पर तीखा निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस राष्ट्रीयता और समाजहित से जुड़े मुद्दों पर विरोध की राजनीति करती है और अब यूसीसी के नाम पर आदिवासी समाज के बीच भ्रम और भय पैदा करने की कोशिश की जा रही है।

मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि आदिवासी समाज को यूसीसी के दायरे से दूर रखा जाएगा। ऐसे में आदिवासी समाज को लेकर कांग्रेस द्वारा जो आंदोलन की तैयारी की जा रही है, उसका कोई औचित्य नहीं है। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को भड़काने की कोशिश सफल नहीं होगी और समाज वास्तविकता को समझता है।

बस्तर में आंदोलन की तैयारी पर कांग्रेस को घेरा

मीडिया से बातचीत के दौरान मंत्री केदार कश्यप ने बस्तर से आदिवासियों को साथ लेकर आंदोलन करने की कांग्रेस की तैयारी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कांग्रेस को पहले आत्मावलोकन करने की नसीहत देते हुए कहा कि पार्टी को यह देखना चाहिए कि उसने अपने शासनकाल में आदिवासी समाज और बस्तर के लिए क्या किया।

उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बस्तर और छत्तीसगढ़ दौरों का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं ने चुनाव के दौरान बड़े-बड़े वादे किए, लेकिन सत्ता में रहते हुए आदिवासी और गरीब परिवारों के हित में अपेक्षित काम नहीं किया। कश्यप ने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के कार्यकाल में प्रधानमंत्री आवास योजना प्रभावित हुई और लोगों को आवास का लाभ नहीं मिल पाया।

मंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार के सत्ता में आने के बाद बस्तर में विकास के साथ-साथ नक्सलवाद के खिलाफ अभियान भी तेज हुआ है। उन्होंने दावा किया कि बस्तर अब धीरे-धीरे नक्सलवाद की पकड़ से बाहर निकल रहा है और क्षेत्र में विकास तथा शांति का माहौल बन रहा है। उनके मुताबिक कांग्रेस को यह बदलाव रास नहीं आ रहा है, इसलिए वह अलग-अलग मुद्दों पर सरकार को घेरने की कोशिश कर रही है।

29 विधानसभा सीटों पर कांग्रेस के फोकस पर भी निशाना

कांग्रेस द्वारा प्रदेश की 29 विधानसभा सीटों पर विशेष फोकस किए जाने को लेकर भी केदार कश्यप ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की राजनीतिक रणनीति का उद्देश्य प्रदेश के विकास से ज्यादा राजनीतिक लाभ हासिल करना है।

कश्यप ने आरोप लगाया कि कांग्रेस आदिवासी समाज के बीच पीड़ा और असंतोष पैदा करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को किसी भी मुद्दे पर भड़काकर राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश सफल नहीं होगी।

मंत्री ने कांग्रेस के प्रदेश नेतृत्व पर तंज कसते हुए पूर्व के एक राजनीतिक कार्यक्रम का भी जिक्र किया और आरोप लगाया कि आदिवासियों के साथ कांग्रेस का व्यवहार भी सवालों के घेरे में रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को आदिवासी समाज के हित की बात करने से पहले अपने पुराने कार्यों का हिसाब देना चाहिए।

महतारी वंदन योजना में नाम कटने पर क्या बोले मंत्री?

महतारी वंदन योजना में करीब डेढ़ लाख महिलाओं के नाम हटाए जाने के मुद्दे पर भी मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सत्ता में रहते हुए महिलाओं को हर महीने 500 रुपये देने की बात करती थी, जबकि भाजपा सरकार ने महतारी वंदन योजना के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई है।

कश्यप ने कहा कि सरकार ने महिलाओं को राखी से पहले राशि उपलब्ध कराकर अपनी संवेदनशीलता का परिचय दिया है। उन्होंने माना कि यदि किसी तकनीकी कारण से किसी पात्र महिला का नाम प्रभावित हुआ है, तो समस्या को जल्द दूर किया जाएगा।

हालांकि, उन्होंने कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा कि तकनीकी समस्या का समाधान किया जा सकता है, लेकिन विपक्ष की राजनीतिक मानसिकता को बदलना मुश्किल है। उन्होंने कांग्रेस पर योजना को लेकर अनावश्यक भ्रम फैलाने का आरोप लगाया।

वंदे मातरम को लेकर भी कांग्रेस पर हमला

कर्नाटक में वंदे मातरम के केवल दो अंतरे गाए जाने की घोषणा से जुड़े सवाल पर भी केदार कश्यप ने कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इस मामले में कांग्रेस की मानसिकता स्पष्ट दिखाई देती है।

मंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस लंबे समय से तुष्टीकरण की राजनीति करती रही है और इसी कारण राष्ट्रीय भावना से जुड़े विषयों पर भी राजनीति की जाती है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम देश की राष्ट्रीय चेतना और स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ा महत्वपूर्ण गीत है और इसे लेकर किसी भी तरह की राजनीति नहीं होनी चाहिए।

यूथ कांग्रेस चुनाव में खर्च के आरोपों पर भी बोले

यूथ कांग्रेस के संगठनात्मक चुनाव में कथित तौर पर अत्यधिक खर्च को लेकर भी मंत्री ने कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए। कश्यप ने कहा कि कांग्रेस में संगठन और चुनावी पदों को लेकर पैसे के लेन-देन की चर्चा लगातार होती रही है।

उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में पार्षद और विधायक का टिकट हासिल करने से लेकर संगठन के पदों तक के लिए आर्थिक लेन-देन होता है। मंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि अब कांग्रेस में संगठन के पदों की भी बोली लगने लगी है।

वन रक्षकों की भर्ती की तैयारी, दिसंबर तक परीक्षा संभावित

वन विभाग में वन रक्षकों की भर्ती को लेकर मंत्री केदार कश्यप ने महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वन रक्षकों की लिखित परीक्षा व्यापम के माध्यम से आयोजित कराने की तैयारी चल रही है।

मंत्री के मुताबिक भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए विभागीय स्तर पर आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। उपलब्ध अपडेट के अनुसार दिसंबर 2026 तक लिखित परीक्षा आयोजित होने की संभावना है। इस परीक्षा में करीब 16 हजार अभ्यर्थियों के शामिल होने की उम्मीद है। लिखित परीक्षा के बाद भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण पूरे किए जाएंगे।

इस भर्ती से वन विभाग में मैदानी स्तर पर कर्मचारियों की उपलब्धता बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है। वन रक्षक जंगलों की सुरक्षा, वन्यजीव संरक्षण और अवैध कटाई एवं वन अपराधों की रोकथाम जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में भूमिका निभाते हैं।

नेपाल में बाढ़ को लेकर हेल्पलाइन पर भी दी जानकारी

नेपाल में आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन की प्राकृतिक आपदा पर भी मंत्री केदार कश्यप ने चिंता जताई। उन्होंने इसे बड़ी प्राकृतिक त्रासदी बताते हुए कहा कि नेपाल में कई लोग संकट में हैं और उनके परिवारों की चिंता स्वाभाविक है।

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने संवेदनशीलता दिखाते हुए नेपाल में फंसे छत्तीसगढ़ के नागरिकों की सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर शुरू कराया है। इसका उद्देश्य वहां फंसे लोगों और उनके परिजनों को आवश्यक जानकारी और सहायता उपलब्ध कराना है।

राज्य सरकार ने नेपाल में फंसे छत्तीसगढ़ के नागरिकों या उनके परिजनों के लिए आपदा प्रबंधन हेल्पलाइन 1070 तथा दूरभाष नंबर +91-771-2223471 जारी किया है। जरूरतमंद लोग इन नंबरों पर संपर्क कर सहायता या आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

मंत्री ने कहा कि संकट की इस घड़ी में सरकार अपने नागरिकों के साथ खड़ी है और उनकी सुरक्षित वापसी तथा आवश्यक सहायता के लिए हर संभव प्रयास किया जा रहा है।

राजनीतिक मुद्दों पर सरकार और कांग्रेस आमने-सामने

कुल मिलाकर यूसीसी, आदिवासी समाज, बस्तर में नक्सलवाद, महतारी वंदन योजना, वंदे मातरम और संगठनात्मक चुनाव जैसे मुद्दों को लेकर प्रदेश की सियासत गरमा गई है। मंत्री केदार कश्यप ने एक के बाद एक मुद्दों पर कांग्रेस को घेरते हुए सरकार की नीतियों और उपलब्धियों का बचाव किया। वहीं, कांग्रेस की ओर से इन मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी के बीच आने वाले दिनों में राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।

Related Articles

Back to top button